गाज़ीपुर। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सम्मानित प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री श्री अजय राय जी के निर्देशानुसार कांग्रेस कार्यकर्ता ₹2000 से अधिक के चुनिंदा व्यापारी UPI लेन-देन पर लागू होने वाले 0.4 प्रतिशत मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) के विरोध में अनोखे तरीके से जनजागरण अभियान चलाया। यह व्यवस्था 15 अक्टूबर 2026 से प्रभावी होने की घोषणा की गई है। महत्वपूर्ण बात यह है कि MDR तकनीकी रूप से टैक्स नहीं, बल्कि व्यापारी भुगतान व्यवस्था में लगने वाला शुल्क है; ₹2000 तक के व्यापारी भुगतान और निर्धारित छोटे व्यापारियों के लेन-देन पर यह लागू नहीं होगा। 

कांग्रेस कार्यकर्ता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के अवसर पर भाजपा की राज्यसभा सांसद माननीय संगीता बलवंत जी के आवास पर पहुंचकर राज्यसभा सांसद प्रतिनिधि डॉ अवधेश बिंद जी को ऐसा सामान भेंट किया, जिसका भुगतान ₹2000 से अधिक UPI के माध्यम से किया जा सके। साथ ही उस सामान का QR/बार कोड भी दिया जाएगा। कांग्रेस का कहना है कि यह कार्यक्रम प्रतीकात्मक रूप से यह सवाल उठाने के लिए है कि जब देश में डिजिटल भुगतान को बढ़ावा दिया जा रहा है, तब व्यापारियों के लिए बड़े डिजिटल लेन-देन की लागत बढ़ाने की आवश्यकता क्यों पड़ी।

कांग्रेस नेताओं ने कहा कि व्यापारी और मध्यम वर्ग पहले ही महंगाई, GST सहित विभिन्न करों, बढ़ती कारोबारी लागत और आर्थिक दबाव से परेशान हैं। ऐसे में UPI के चुनिंदा बड़े व्यापारी लेन-देन पर MDR की व्यवस्था ने व्यापारियों के बीच नई चिंता पैदा की है।

जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुनील राम ने कहा कि भाजपा सरकार लगातार व्यापारियों और मध्यम वर्ग से जुड़े आर्थिक सवालों पर ऐसे फैसले ले रही है, जिनसे उनमें असंतोष और चिंता पैदा हो रही है। उन्होंने कहा कि सरकार को व्यापारी समाज को राहत देने की दिशा में काम करना चाहिए। कांग्रेस का यह कार्यक्रम प्रतीकात्मक विरोध के साथ-साथ व्यापारियों के बीच जागरूकता पैदा करने का प्रयास है। मोदी जी के जन्मदिन पर भाजपा सांसद के घर UPI से खरीदा गया यह ‘तोहफा’ सरकार को व्यापारियों की परेशानी का आईना दिखाने का काम करेगा।

शहर कांग्रेस अध्यक्ष संदीप विश्वकर्मा ने कहा कि भाजपा सरकार ने डिजिटल भुगतान को बढ़ावा दिया, व्यापारी भी समय के साथ UPI व्यवस्था को अपनाते चले गए, लेकिन अब ₹2000 से अधिक के कुछ व्यापारी लेन-देन पर MDR की व्यवस्था से कारोबारियों के बीच सवाल खड़े हुए हैं। उन्होंने कहा कि व्यापारी समाज केवल भाषण नहीं, बल्कि ऐसी नीतियां चाहता है जिनसे उसका कारोबार आसान हो। कांग्रेस कार्यकर्ता बाजारों में जाकर व्यापारियों से संवाद करेंगे और उनकी समस्याओं को मजबूती से उठाएंगे।

एआईसीसी सदस्य रविकांत राय ने कहा कि कांग्रेस का यह कार्यक्रम किसी व्यक्ति के जन्मदिन का विरोध नहीं, बल्कि व्यापारी और मध्यम वर्ग की आर्थिक चिंताओं को प्रतीकात्मक ढंग से सामने रखने का प्रयास है। उन्होंने कहा कि ₹2000 से अधिक के चुनिंदा P2M लेन-देन पर 0.4 प्रतिशत MDR की व्यवस्था को लेकर व्यापारियों में जो सवाल और चिंता है, सरकार को उसका स्पष्ट जवाब देना चाहिए। 


उन्होंने कहा कि जिस QR कोड के माध्यम से देश को डिजिटल अर्थव्यवस्था की ओर ले जाने का अभियान चलाया गया, उसी QR कोड के जरिए अब कांग्रेस भाजपा के जनप्रतिनिधियों तक व्यापारियों की आवाज पहुंचाएगी। कांग्रेस का उद्देश्य साफ है व्यापारी, दुकानदार, मध्यम वर्ग और आम उपभोक्ता अपने आर्थिक हितों को लेकर खुद को अकेला न समझें; कांग्रेस उनकी आवाज उठाने के लिए उनके साथ खड़ी है।

कांग्रेस नेताओं ने कहा कि भाजपा सरकार को व्यापारियों की जेब पर पड़ने वाले हर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पर गंभीरता से विचार करना चाहिए और ऐसी नीतियां बनानी चाहिए जिनसे देश का व्यापारी वर्ग सम्मान, सुविधा और भरोसे के साथ अपना कारोबार कर सके।

कार्यक्रम में प्रमुख रूप से अजय कुमार श्रीवास्तव ज्ञान प्रकाश सिंह सुमन चौबे विद्याधर राजेश गुप्ता राजीव सिंह राम नगीना पांडे डॉक्टर नसीम अख्तर गुड्डू शंभू कुशवाहा कमलेश्वर प्रसाद शर्मा अखिलेश यादव दिव्यांशु पांडे रईस अहमद रमेश गुप्ता शबीहूल हसन अजलाल अब्बासी सदानंद गुप्ता राजेश सिन्हा ताहिर अब्बासी आदि लोग उपस्थित रहे।