गाजीपुर। ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत गाजीपुर पुलिस की मॉनिटरिंग सेल एवं अभियोजन पक्ष की लगातार प्रभावी पैरवी का असर एक बार फिर सामने आया है। हत्या के करीब 11 वर्ष पुराने मामले में न्यायालय ने तीन अभियुक्तों को दोषसिद्ध करते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही प्रत्येक दोषी पर 20-20 हजार रुपये का अर्थदण्ड भी लगाया गया है।

पुलिस के अनुसार, यह मामला थाना नगसर हॉल्ट में दिनांक 11 मार्च 2015 को दर्ज मुकदमा अपराध संख्या 32/2015, धारा 302 भादवि से संबंधित था। मामले में अभियुक्त लाल बहादुर पासवान पुत्र राजेन्द्र पासवान, लालबिहारी पासवान पुत्र राजेन्द्र पासवान तथा आशा देवी पत्नी राजेन्द्र पासवान, निवासी गगरन, थाना नगसर हॉल्ट के विरुद्ध हत्या का अभियोग दर्ज किया गया था।

प्रकरण में गाजीपुर पुलिस की मॉनिटरिंग सेल एवं अभियोजन विभाग द्वारा न्यायालय में लगातार प्रभावी पैरवी की गई। साक्ष्यों एवं अभियोजन की पैरवी के आधार पर एएसजे तृतीय, गाजीपुर की अदालत ने तीनों अभियुक्तों को दोषसिद्ध कर दिया।

न्यायालय ने तीनों को धारा 302/34 भादवि के तहत आजीवन कारावास तथा प्रत्येक को 20-20 हजार रुपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया। पुलिस ने इसे ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत प्रभावी पैरवी का परिणाम बताया है।