गाजीपुर। गाजीपुर में चीनी और प्याज की किल्लत की अफवाहों के बीच प्रशासन ने स्थिति पूरी तरह सामान्य होने का दावा किया है। प्रशासन के मुताबिक जिले में दोनों आवश्यक वस्तुओं का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और नागरिकों को घबराकर अनावश्यक खरीदारी करने की जरूरत नहीं है।

जिलाधिकारी के निर्देश पर जिला पूर्ति अधिकारी, जिला खाद्य विपणन अधिकारी और मंडी सचिव की संयुक्त टीम ने बाजारों में पहुंचकर स्टॉक का भौतिक सत्यापन किया। जांच के दौरान जिले में 5,118 क्विंटल चीनी और 2,517 क्विंटल प्याज का स्टॉक मिला। अधिकारियों के अनुसार प्याज की आवक भी लगातार जारी है।

चीनी के थोक कारोबारियों पर स्टॉक लिमिट

जमाखोरी पर अंकुश लगाने के लिए भारत सरकार ने चीनी के थोक व्यापारियों के लिए स्टॉक लिमिट लागू की है। यह व्यवस्था 1 अगस्त से 30 नवंबर 2026 तक प्रभावी रहेगी। इसके तहत कोई भी थोक व्यापारी 4,000 क्विंटल से अधिक चीनी का भंडारण नहीं कर सकेगा और उपलब्ध स्टॉक को निर्धारित अवधि के भीतर बेचने के निर्देश हैं।

साथ ही व्यापारियों को प्रत्येक शुक्रवार अपने स्टॉक का विवरण सरकारी पोर्टल पर अपडेट करना अनिवार्य किया गया है।

अफवाह फैलाने वालों पर भी नजर

अपर जिलाधिकारी (भू-राजस्व) श्री सुनील कुमार त्रिवेदी ने स्पष्ट किया कि जिले में चीनी और प्याज की कोई कमी नहीं है। उन्होंने नागरिकों से सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रही अफवाहों पर भरोसा न करने और अपनी आवश्यकता के अनुसार ही बाजार से खरीदारी करने की अपील की।

प्रशासन ने थोक व्यापारियों को अपना स्टॉक पोर्टल पर नियमित रूप से अपडेट करने के निर्देश दिए हैं।

जमाखोरी और कालाबाजारी पर शिकंजा कसने के लिए जनपद एवं तहसील स्तर पर टीमें सक्रिय कर दी गई हैं। बाजारों में औचक निरीक्षण जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।

प्रशासन का संदेश साफ है—स्टॉक पर्याप्त है, अफवाहों से बचें और घबराकर खरीदारी न करें।