सत्य, अहिंसा, सादगी और राष्ट्रसेवा के आदर्शों को जीवन में उतारने का लिया संकल्प

गाजीपुर। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर श्री चित्रगुप्त वंशीय सभा, ददरी घाट के तत्वावधान में शुक्रवार को श्रद्धा एवं गरिमापूर्ण माहौल में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए। इस दौरान दोनों महापुरुषों के व्यक्तित्व, कृतित्व और राष्ट्र के प्रति उनके योगदान को याद करते हुए उनके आदर्शों को जीवन में अपनाने का संकल्प लिया गया।

कार्यक्रम की शुरुआत शास्त्री नगर स्थित पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं श्रद्धांजलि अर्पित करने से हुई। इसके बाद संस्था के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने आमघाट पार्क स्थित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया।

इसके पश्चात श्री चित्रगुप्त मंदिर परिसर में विचार गोष्ठी आयोजित हुई। वक्ताओं ने कहा कि महात्मा गांधी ने सत्य और अहिंसा को अपना हथियार बनाकर देश के स्वतंत्रता आंदोलन को नई दिशा दी, जबकि लाल बहादुर शास्त्री ने सादगी, ईमानदारी, अनुशासन और राष्ट्रसेवा का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत किया।

संस्था के अध्यक्ष आनंद शंकर श्रीवास्तव ने कहा कि गांधी जी और शास्त्री जी का जीवन आज भी समाज के लिए प्रेरणास्रोत है। गांधी जी ने सत्य, अहिंसा और सामाजिक समरसता का संदेश दिया, वहीं शास्त्री जी ने सादगी एवं कर्तव्यनिष्ठा के साथ देश का नेतृत्व किया। उन्होंने कहा कि महापुरुषों को केवल जयंती पर याद करना पर्याप्त नहीं, बल्कि उनके आदर्शों को अपने आचरण में उतारना ही सच्ची श्रद्धांजलि है।

संस्था के मंत्री अजय कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि गांधी जी का सत्य-अहिंसा का सिद्धांत और शास्त्री जी का ईमानदार एवं सादगीपूर्ण जीवन सभी के लिए अनुकरणीय है। दोनों महापुरुषों ने सदैव देशहित को सर्वोपरि रखा। नई पीढ़ी तक उनके विचारों और आदर्शों को पहुंचाना समाज की जिम्मेदारी है। उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित सभी पदाधिकारियों, सदस्यों एवं आगंतुकों के प्रति आभार जताया।

कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों ने गांधी एवं शास्त्री के आदर्शों पर चलने तथा समाज और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम में प्रमुख रूप से पूर्व प्राचार्य काशी प्रसाद श्रीवास्तव, सुरेश चंद्र श्रीवास्तव, शिव शंकर सिन्हा, दिलीप कुमार श्रीवास्तव, सुनील दत्त श्रीवास्तव, अरुण कुमार श्रीवास्तव, अरुण कुमार, विभोर कुमार, प्रवीण श्रीवास्तव, दिनेश श्रीवास्तव, दीपक श्रीवास्तव, नीरज श्रीवास्तव, श्री प्रकाश श्रीवास्तव, सुनील श्रीवास्तव, अमर राठौर, केशव श्रीवास्तव, अमर श्रीवास्तव, सत्य प्रकाश, पीयूष श्रीवास्तव सहित अन्य लोग मौजूद रहे।