गाजीपुर। थाना करीमुद्दीनपुर में ग्राम प्रधान समेत भीम आर्मी के पदाधिकारियों एवं सदस्यों के विरुद्ध दर्ज कथित फर्जी मुकदमे को लेकर पुलिस अधीक्षक गाजीपुर से निष्पक्ष जांच की मांग की गई है। प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया गया है कि विपक्षी पक्ष की साजिश और दबाव में आकर निर्दोष लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।
प्रार्थना पत्र के अनुसार ग्राम कामसूद्री के ग्राम प्रधान बसंत प्रधान सहित जगत नारायण, गौतम यादव, अभिषेक, रमेश यादव, आदित्य, अमरजीत, अनिल आदि के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोप है कि गांव में लंबे समय से ग्रामीणों के आवागमन के लिए इस्तेमाल हो रहे रास्ते को कुछ दबंग व्यक्तियों द्वारा बंद कर दिया गया था, जिससे ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।
बताया गया कि ग्रामीणों की समस्या को देखते हुए ग्राम प्रधान ने दोनों पक्षों की सहमति एवं आपसी सहमति के आधार पर बैनामा शुदा भूमि में पूर्व से चले आ रहे रास्ते का पुनर्निर्माण/निर्माण कराने का प्रयास किया। इसी मामले को लेकर विपक्षी पक्ष द्वारा ग्राम प्रधान और भीम आर्मी से जुड़े लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया गया।
प्रार्थना पत्र में मुकदमे को प्रथम दृष्टया द्वेषपूर्ण एवं तथ्यों के विपरीत बताते हुए पुलिस अधीक्षक से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की गई है। साथ ही कहा गया है कि यदि जांच में आरोप निराधार पाए जाते हैं तो नियमानुसार एफआर (Final Report) लगाकर मुकदमे को समाप्त किया जाए, ताकि निर्दोष लोगों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।
मामले में अब पुलिस की निष्पक्ष जांच और आगे की कार्रवाई पर सभी की निगाहें टिकी हैं।

