मिशन शक्ति के अंतर्गत आज बालिकाओं को महत्वपूर्ण पदों पर आसीन करते हुए एक दिन का अधिकारी बनाया जाना है अच्छे से इस गतिविधि को उजागर करता है
जमानियां। मिशन शक्ति के अंतर्गत आज बालिकाओं को महत्वपूर्ण पदों पर आसीन करते हुए एक दिन का अधिकारी बनाया जाना है अच्छे से इस गतिविधि को उजागर करता है। बताया जाता है। कि मिशन शक्ति अभियान (वर्तमान में मिशन शक्ति 5.0 / 6.0) के तहत बालिकाओं और छात्राओं को नेतृत्व क्षमता तथा प्रशासनिक कार्यप्रणाली का प्रत्यक्ष अनुभव कराने के लिए एक दिन के लिए प्रमुख प्रशासनिक पदों पर आसीन किया गया। जिसका उद्देश्य यह है। कि बालिकाओं में आत्मविश्वास बढ़ाना, उनमें नेतृत्व क्षमता विकसित करना और उन्हें शासन-प्रशासन की कार्यप्रणाली से परिचित कराना होता है। इस अभियान के दौरान छात्राओं को एक दिन के लिए जिलाधिकारी (DM) महत्वपूर्ण पदों की जिम्मेदारी सौंपी जाती है। बता दें कि हजारों बालिकाएं एक दिन की अधिकारी बनकर प्रशासनिक कामकाज को करीब से समझती हैं। काजल, अंजनी, बबीता, अर्चना सिंह, दिव्या, संगीता छात्राएं बनीं एक दिन की अफसर बनकर संभाली कार्यकाज। बालिकाएं एक दिन की अधिकारी बनी।

