बनारस। मोहल्ला मुकीम गंज निवासी मोहम्मद नसीर मंसूरी के बड़े पुत्र आसिफ मंसूरी की शादी के मुबारक मौके पर लेडीज मिलाद का आयोजन किया गया। उक्त अवसर पर मौलानी वारिसा ने तकरीर पेश की, इस दौरान मिलाद शरीफ का आयोजन एक रूहानी और बरकत वाला कदम बतायी गई। इस पाक महफिल में निकाह की सुन्नतों, मियां-बीवी के हुकूक और इस्लामी जिंदगी पर रोशनी डाली गई। जिससे नए जोड़े और परिवार को दुआएं और दीन की समझ हासिल की गई। उक्त मौके पर मौलानी वारिसा साहिबा की तकरीर से कार्यक्रम की शुरुआत करना बेहद बरकत और रहमत वाला रहा। इसे खास बनाने के लिए खूबसूरत नातों से महफिल की खूब सजावट रही। लड़के के वालिद मोहम्मद नसीर मंसूरी ने कहा कि शादी के मुबारक मौके पर आयोजित लेडीज मिलाद में निकाह की अहमियत, शौहर और बीवी के हुकूक और इस्लामी तौर-तरीकों पर एक बेहद खूबसूरत और रूहानी तकरीर पेश की। उन्होंने कहा कि मौलानी वारिसा ने कुरान और हदीस के हवाले से निकाह को सुन्नत बताया तथा महिलाओं को इस्लामी जीवनशैली अपनाने की सलाह दी। कार्यक्रम के अंत में दूल्हा-दुल्हन की खुशहाल जिंदगी और बरकत के लिए विशेष दुआ मांगी गई। उक्त अवसर पर लड़के की मां जहांना बेगम, बहन आरजू, बहन तानिया मंसूरी,
बड़ी फूफी मेहरून निशा, छोटी फूफी रेशमा बानो, चच्ची गुलशन, भाई आरिफ मंसूरी, भाई ताबिश मंसूरी, चाचा सगीर मंसूरी, तबस्सुम, राजा, तन्नू, तृराना आदि सहीत सेैकडो लोग शामील रहे।

