प्रो. लक्ष्मण यादव ने लोकतंत्र, सामाजिक न्याय और युवाओं के अधिकारों पर रखे विचार; एमएलसी प्रत्याशियों के समर्थन की अपील

गाजीपुर। समाजवादी पार्टी के तत्वावधान में आयोजित समाजवादी शिक्षक पीडीए जनसंवाद कार्यक्रम में छात्र-नौजवानों की समस्याओं, बेरोजगारी, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, लोकतंत्र, संविधान और सामाजिक न्याय जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा हुई। कार्यक्रम की अध्यक्षता समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष गोपाल सिंह यादव ने की। मुख्य अतिथि प्रोफेसर लक्ष्मण यादव ने अपने संबोधन में शिक्षा और रोजगार के सवालों को प्रमुखता से उठाते हुए युवाओं के भविष्य को लेकर चिंता व्यक्त की।

प्रोफेसर लक्ष्मण यादव ने कहा कि आज देश में लोकतंत्र और संविधान की रक्षा एक महत्वपूर्ण सवाल बन गया है। महाविद्यालयों और विश्वविद्यालयों में छात्रों को बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की आवश्यकता है, वहीं बेरोजगारी युवाओं के सामने गंभीर चुनौती बनी हुई है। उन्होंने कहा कि महंगाई, रोजगार और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा जैसे मुद्दों से आम जनता प्रभावित हो रही है।

उन्होंने बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर के संवैधानिक योगदान का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रत्येक नागरिक को समान मताधिकार देना भारतीय लोकतंत्र की महत्वपूर्ण उपलब्धि है। उन्होंने चुनाव प्रक्रिया और नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों से जुड़े सवालों पर भी अपने विचार रखे।

प्रो. यादव ने समाजवादी विचारधारा से जुड़े लोगों से लोकतंत्र, संविधान, सामाजिक न्याय और पीडीए के अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट होने की अपील की। साथ ही उन्होंने समाजवादी पार्टी के स्नातक एमएलसी प्रत्याशी आशुतोष सिन्हा और शिक्षक एमएलसी प्रत्याशी लाल बिहारी यादव को प्रथम वरीयता का मत देने की अपील की।

कार्यक्रम में जुटे जनप्रतिनिधि और बुद्धिजीवी

कार्यक्रम का संचालन प्रोफेसर शिव प्रताप यादव ने किया। समाजवादी शिक्षक सभा के जिलाध्यक्ष कमलेश यादव भानु और जिला उपाध्यक्ष अशोक चौहान ने अतिथियों का स्वागत किया।

इस अवसर पर विधायक डॉ. वीरेंद्र यादव, विधायक शोएब अंसारी, पूर्व विधायक खुर्शीद अहमद, रामधारी यादव, राष्ट्रीय सचिव ओम प्रकाश यादव, मारकंडे, प्रोफेसर विकास यादव, संजय यादव, डॉ. रंजीत, कन्हैयालाल विश्वकर्मा, सीताराम राम, रामबदन यादव, रविंद्र प्रताप, डॉ. शमसुल कमर, डॉ. निसार, डॉ. अरविंद, डॉ. श्वेता सिंह, डॉ. सुघर सिंह, सुनीता, बिंदुवाला बिन्द, डॉ. निरंजन, डॉ. दीपक, विनय चौहान, नगीना यादव, इंदर कनौजिया, सदानंद, मदन, अशोक बिन्द, रमेश, संतोष, ताहिर हुसैन, प्रोफेसर सुशील सिंह तथा डॉ. कुशल पाल शाहिद सहित बड़ी संख्या में बुद्धिजीवी और पार्टी पदाधिकारी उपस्थित रहे।

कार्यक्रम में शिक्षा, रोजगार, सामाजिक न्याय और संवैधानिक अधिकारों से जुड़े मुद्दों पर संवाद के माध्यम से जनजागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया गया।