न्यायिक एवं विभिन्न विभागों के अधिकारियों की बैठक में बनी रणनीति, सुलह-समझौते से मामलों के त्वरित निस्तारण की तैयारी

गाजीपुर। माननीय उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देशानुसार आगामी 12 सितंबर 2026 को जनपद गाजीपुर में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। लोक अदालत का आयोजन जनपद न्यायालय गाजीपुर, वाह्य न्यायालय सैदपुर एवं मुहम्मदाबाद, ग्राम न्यायालय जखनियां एवं जमानियां के साथ-साथ विभिन्न सरकारी प्रतिष्ठानों में भी किया जाएगा।

राष्ट्रीय लोक अदालत की तैयारियों को लेकर शुक्रवार, 21 अगस्त 2026 को जनपद न्यायालय गाजीपुर के दसकक्षीय सभागार में शक्ति सिंह, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश कक्ष संख्या-01 एवं नोडल अधिकारी, लोक अदालत गाजीपुर की अध्यक्षता में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई। बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने प्रतिभाग कर अधिक से अधिक मामलों के निस्तारण की रणनीति पर चर्चा की।

बैठक में नीरज गोंड, सचिव पूर्णकालिक, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण गाजीपुर, जिला प्रोबेशन अधिकारी संजय कुमार सोनी, समाज कल्याण विभाग के अभय कुमार सिंह, राज्य कर विभाग के विवेकमणि तिवारी, आबकारी निरीक्षक पवन मिश्रा, जिला सेवायोजन विभाग के पवन कुमार, खाद्य एवं रसद विभाग के अनंत प्रताप सिंह सहित धर्मेन्द्र कुमार, संदीप यादव एवं अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

इन मामलों का होगा प्राथमिकता से निस्तारण

सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण नीरज गोंड ने बताया कि राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार विभिन्न प्रकार के मामलों को लोक अदालत के माध्यम से निस्तारित किया जाएगा। इनमें उत्तराधिकार प्रमाण पत्र, छोटे एवं लघु दाण्डिक वाद, पारिवारिक वाद, धारा 138 एनआई एक्ट, स्टाम्प एवं पंजीयन वाद, मोटर दुर्घटना/मोटर अधिनियम संबंधी वाद, चकबंदी, श्रम, उपभोक्ता फोरम, बाट-माप प्रचलन अधिनियम, कराधान, बिजली चोरी तथा अन्य सुलहनीय प्रकरण शामिल हैं।

इसके साथ ही सुलह-समझौता एवं मध्यस्थता के माध्यम से वैवाहिक विवादों को भी निस्तारण योग्य बनाकर आगामी राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक मामलों का समाधान कराने पर विशेष जोर दिया गया।

‘अधिक से अधिक वादों का हो समाधान’

बैठक में अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि संबंधित विभाग अपने स्तर से लंबित एवं सुलह-समझौते योग्य मामलों को चिन्हित कर पक्षकारों को लोक अदालत के लाभों के प्रति जागरूक करें। बैठक में इस बात पर विशेष चर्चा हुई कि 12 सितंबर को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत में पिछले आयोजनों की अपेक्षा अधिक से अधिक मामलों का निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।

राष्ट्रीय लोक अदालत का उद्देश्य त्वरित, सरल एवं आपसी सहमति के आधार पर विवादों का समाधान कर आमजन को लंबी न्यायिक प्रक्रिया से राहत दिलाना है। अधिकारियों ने लोक अदालत को सफल बनाने के लिए आपसी समन्वय के साथ प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित करने पर सहमति व्यक्त की।